झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) कै सांसद विजय कुमार हंसदक मंगलवार का चुनाव आयोग (EC) कै खिलाफ INDIA गठबंधन कै विरोध मार्च कै पहिले भारत निर्वाचन आयोग (ECI) कै कड़ी आलोचना करिन। उ कहिन कि भारत नियर आज़ाद देश मां मनईयन से वोट देय कै अधिकार छीने का मंज़ूर नाइ अहै। उ आगे कहिन कि संस्थावन कै इ तौर कै गलत इस्तेमाल प अब न सिर्फ विपक्ष, बल्कि सिस्टम कै भीतर कै मनईयनउ सवाल उठाइ जात अहैं।
INDIA गठबंधन कै मार्च कै दौरान हंसदक कहिन कि चुनाव आयोग जउन भूमिका निभाइस अहै औ जवने तरे से नियुक्तियां कीन गई अहैं, ओतय देखत हुए अब न सिर्फ विपक्ष, बल्कि उ दफ्तरन कै भीतर सेउ सवाल उठ रहै अहैं।” राजमहल से JMM सांसद कहिन कि चुनाव आयोग कै भूमिका लंबें समय से जांच कै दायरा मां रही अहै औ इ बात खास तौर प वोटर लिस्ट कै ‘स्पेशल इंटेंसिव रिविज़न’ (SIR) कै बाद अउरी सामने आवा, जवने कै वजह से देश भर मां १३ करोड़ से ज्यादे वोटरियन कै वोट देय कै अधिकार छिन गवा।
चुनाव आयोग कै भूमिका लंबें समय से जांच कै दायरा मां रही अहै। ४३ बरस कै नेता कहिन, “एक आज़ाद देश मां सिस्टम कै इ तरे से बहुत ज्यादे गलत इस्तेमाल करब औ मनईयन से उनकर वोटिंग कै अधिकार छीन लेब मंज़ूर नाइ अहै।”
सिर्फ चुनाव आयोगहीं नाइ, बल्कि हंसदक, जउन कांग्रेस कै पूर्व नेता थॉमस हंसदक कै बिटवा अहैं औ थॉमस कतहूं झारखंड कांग्रेस कै अध्यक्षउ रहे, कहिन कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) सबहिं संस्थावन कै गलत इस्तेमाल करत अहै औ ओकरे साथ समझौता करत अहै।
उ कहिन, “सबहिं संस्थावन कै गलत इस्तेमाल कीन गवा अहै; अइसा सुरक्षा बलिन कै तैनाती कै ज़रिए कीन गवा अहै… कई राज्यन मां अइसन उदाहरण अहैं जंहा चुनाव प्रक्रिया का लगभग खतम कै दीहिन गवा औ पूरी तरे से BJP कै फायदा बरे ओमां हेरफेर कीन गवा। इ कतहूं एक आज़ाद देश कै हित मां नाइ होत अहै।”
इ कै पहिले, बीजू जनता दल (BJD) घोषणा कीन रहे कि ओकर सदस्यउ विपक्षी दलिन कै विरोध मार्च मां शामिल होइहैं। इ विरोध मार्च मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार कै कथित मनमाने फैसलाइन कै खिलाफ अहै, जउन मतदाता सूची कै ‘स्पेशल इंटेंसिव रिविज़न’ (SIR) औ देश भर मां १३ करोड़ से ज्यादे मतदाताइन कै नाउँ हटाएस से जुड़ा अहै।
मंगलवार सबेर राष्ट्रीय राजधानी मां विपक्षी नेता औ सांसद भारत निर्वाचन आयोग (ECI) कै मुख्यालय, ‘निर्वाचन सदन’ कै ओर मार्च करै वाले अहैं। इ मार्च मां ‘इंडिया’ (INDIA) गठबंधन कै कई पार्टीयन कै नेता शामिल होइहैं। इ विरोध प्रदर्शन विपक्ष द्वारा घोषित “लोकतंत्र बचाओ” अभियान कै हिस्सा अहै, जवने कै तहत ओकर नेता चुनाव आयोग कै खिलाफ प्रदर्शन औ जन-कार्यक्रम आयोजित करत अहैं।
