मनाली: हिमाचल प्रदेश कै तीन दिवसीय दौरा पर आईं राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू बुधवा के मनाली कै एतिहासिक हिडिंबा मंदिर अउर रोहतांग स्थित अटल सुरंग कय यात्रा करिन। अधिकारी यह जानकारी दीहिन।
राज्यपाल कविंदर गुप्ता कै साथ राष्ट्रपति समुद्र तल से 10,000 फुट से अधिका ऊंचाई पर स्थित 9.02 किलोमीटर लंबी एक-मार्ग वाली मुख्य राजमार्ग सुरंग ‘अटल टनल’ कय दौरा करिन। वह सुरंग कै निर्माण शैली अउर तकनीकी विशेषतानि मां गहीर रुचि दिखाईं, जेकर पर उनका एकर तकनीकी पहलुअन कय जानकारी दी गवा। एह दौरान वह आस-पास कै हिमालयी छेत्र कै प्राकृतिक सुंदरता कै आनंद भी लिहिन। सुरंग कै उत्तरी द्वार पर स्थानीय निवासी राष्ट्रपति कै पारंपरिक ढंग से स्वागत करिन।
राष्ट्रपति कै यात्रा कै दौरान आतिथ्य मंत्री व तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी, मंडी कै सांसद कंगना रनौत, विधायक अनुराधा राणा, उपायुक्त किरण भडाना, जिला प्रशासन कै अधिकारी अउर सेना कै अधिकारी भी उनका स्वागत करिन।
राष्ट्रपति मुर्मू मंगरवा दुपहर करिब 12 बजे बाहंग हेलीपैड पर उतरीं। राज्यपाल कविंदर गुप्ता, सांसद कंगना रनौत अउर मनाली कै विधायक भुवनेश्वर गौड़ उनका अगवानी करिन। राष्ट्रपति हेलीपैड से मनाली स्थित सर्किट हाउस पहुंचिन, जहां वह आठ अक्टूबर तक रही हैं।
राष्ट्रपति बुधवा के मनाली स्थित मॉल रोड कै सैर भी करिन, जबकि उनका बेटी इतिश्री मुर्मू नग्गर स्थित ‘निकोलस रोरिख आर्ट गैलरी एंड एस्टेट’ कय दौरा करिन। संग्रहालय कै क्यूरेटर डॉ. लारिसा सुरगिना से बातचीत कै दौरान इतिश्री ‘‘पर्वतों कै चित्रकार’’ कै रूप मां प्रसिद्ध रोरिख कै कृतियन कै सराहना करिन अउर राष्ट्रपति मुर्मू कै साथ दोबारा गैलरी आवै कै इच्छा जताईं। वह बच्चन कै साथ फोटो भी खिंचवाईं।
राष्ट्रपति कै यात्रा कै मद्देनजर मनाली अउर लाहौल मां सुरक्षा कै कड़े इंतजाम रहा। ‘पीटीआई-वीडियो’ से बात करत हुए रनौत कहिन कि यह स्थानीय लोगन कै सौभाग्य अहै कि राष्ट्रपति अप्पन परिवार कै साथ इन खूबसूरत अउर सांस्कृतिक रूप से समृद्ध पहाड़ियन कै दौरा पर आई हैं।
इहां जारी एक वक्तव्य मां लोकभवन कहिस कि अटल सुरंग उत्कृष्ट निर्माण कला कै एक अनुपम उदाहरण अहै, जवन लाहौल-स्पीति कै देश कै शेष हिस्सा कै काफ़ी करीब दइ आवा अहै। वक्तव्य मां कहा गवा कि यह सुरंग सुदूर अउर दुर्गम भौगोलिक छेत्रन मां रहै वाले लोगन कै जोड़े कै भारत कै दृष्टि, प्रोद्योगिकी क्षमता अउर अटूट प्रतिबद्धता कै प्रमाण अहै।
