भारत मीडिया क आजादी मा गिरावट अउर धरम अउर अल्पसंख्यकन के हक मारै के आरोपन का साफ-साफ मना कइ दिहे अहै। भारत जोर दइके कहे अहै कि उ एक जीवंत लोकतंत्र अहै, जउन अपने सब नागरिकन का अपनी बात कहै की आजादी क गारंटी देत है। विदेश मंत्रालय मा सचिव (पच्छिम) सिबी जॉर्ज नीदरलैंड के प्रधानमंत्री रोब जेटेन की ओर से भारत मा बोले की आजादी मा तथाकथित गिरावट का लेके चिंता जतावै वाली खबरन के बारे मा पूछे गये सवाल के जबाब मा ई बातिन कहीं। जॉर्ज सनीचर की संझा का एम्स्टर्डम मा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नीदरलैंड के दुइ दिनी दौरा के बारे मा मीडिया से बात करत रहेन।
जॉर्ज कहेन, “सवाल पूछै वाले के समझ मा कमी के कारन हमका ई सवाल क सामना करै का परा। भारत 1.4 अरब लोगन क देस आय- दुनिया क सबसे ढेर आबादी वाला राष्ट्र।” उ ईहू कहेन कि भारत पांच हजार साल पुरानी सभ्यता क देस आय। जॉर्ज आरोपन् क खंडन करत भए भारत की सांस्कृतिक, धार्मिक अउर भाषाई विविधता क ओर इसारा कीन।
उ कहेन, “भारत का देखव, ई केतनी सुंदर अहै। दुनिया मा अउर कउनो देस नाहीं अहै, जहाँ एतने धरमन क जनम भा होय- हिंदू धरम, बौद्ध धरम, जैन धरम अउर सिख धरम। ई सबन क जनम भारत मा भा अउर आजुहूँ ई सब खूब फल-फूल रहे अहैं।” उ कहेन कि दुनिया के बड़े-बड़े धरमन का भारत मा सरन मिली अउर हियाँ उ सब बढ़त रहेन। उ कहेन, “भारत सायत उन गिने-चुने देसन मा से एक अहै, जहाँ यहूदी समाज का कबहुँ कउनो जुल्म क सामना नाहीं करै का परा। यही भारत क सुंदरता अहै।”
हाल मा भये विधानसभा चुनावन क हवाला देत भए जॉर्ज कहेन कि भारत एक जीवंत लोकतंत्र अहै, जहाँ शांति से सत्ता क बदलाव एकर मुख्य खूबी अहै। उ कहेन कि भारत लोकतांत्रिक मूल्यन से कउनो समझौता किये बिना आर्थिक तरक्की हासिल कीन। उ कहेन, “हम गरीबी से लड़ै बरे कउनो हिंसा क रास्ता नाहीं अपनायेन, बल्कि लोकतांत्रिक तरीका से गरीबी दूर कीन।”
जॉर्ज कहेन, “हम दुनिया की पूरी आबादी क छठा हिस्सा अही, लेकिन दुनिया की मुसीबतन क छठा हिस्सा नाहीं अही। यही भारत क सुंदरता अहै, जउन हमका गरब से भर देति है। हियाँ हर अल्पसंख्यक समाज खूब फलत-फूलत है।” उ ईहू कहेन, “जब हम आजाद भए रहेन तब अल्पसंख्यक आबादी 11 फीसदी रही, आज ई 20 फीसदी से बेसी अहै।” उ जोर दइके कहेन कि भारत मा सब धरमन के लोग खुसी-खुसी रहत अहैं।