
उत्तर प्रदेश मा डेयरी सेक्टर का नई ऊंचाइयों पर लइ जाइ के दिशा मा दुग्धशाला विकास विभाग द्वारा एक बहुत बड़ा कदम उठाया जाइ रहा अअइ। मेरठ मा स्थित चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के अटल सभागार मा कल 05 मई 2026 का ‘स्वर्णिम दुग्धामृत संवाद समागम’ के आयोजन कीन जाइ रहा अअइ। एही कार्यक्रम के थीम “स्वदेशी उन्नत गोवंश, समृद्ध निवेश, सुरक्षित भविष्य खुशहाल उत्तर प्रदेश” अअइ। एही बड़े आयोजन मा मेरठ अउर सहारनपुर मण्डल के किसान, पशुपालक, व्यापारी अउर पइसा लगावइ वाले निवेशक एक मंच पर एक साथे जुटिहैं।
कार्यक्रम मा श्री मुकेश मेश्राम (अपर मुख्य सचिव, पशुधन, मत्स्य अउर दुग्ध विकास) अउर श्रीमती धनलक्ष्मी के0 (दुग्ध आयुक्त) समेत कइयौ बड़े अधिकारी शामिल होइहैं। एकरे साथे इलाका के प्रगतिशील पशुपालक अउर व्यापारी अपने अनुभव सबके साथे साझा करिहैं, जेहसे गाँव के दूसर किसानन का भी एक नई दिशा अउर आगे बढ़इ के हिम्मत मिलि सके।
समागम के दौरान ‘नन्द बाबा दुग्ध मिशन’ अउर ‘दुग्ध उत्पाद प्रोत्साहन नीति-2022’ जइसन सरकारी योजनन के बारे मा पूरी जानकारी दीन जाई। साथै प्राइवेट क्षेत्र के बड़े-बड़े व्यापारियन द्वारा स्टॉल लगाय के डेयरी के सामानन अउर नए-नए तरीकन के बारे मा देखावा जाई। विशेसन द्वारा नई तकनीक, गाँव के पुरान नस्ल के गायन के बचाव अउर डेयरी के धंधा मा नए मौकन पर विस्तार से बातचीत कीन जाई।
ई आयोजन न खाली डेयरी धंधा मा नयापन ल्यावै का बढ़ावा देई, बल्कि गाँव के अर्थव्यवस्था का मजबूत करइ मा भी बहुत बड़ी भूमिका निभाई। प्रदेश सरकार के ई पहल किसानन के कमाई बढ़ावै, गाँव मा रोजगार लावै अउर पइसा लगावइ के नवा रास्ता खोलइ के दिशा मा एक बहुत जरूरी प्रयास माना जाइ रहा अअइ।
एही बड़े कार्यक्रम के मकसद प्रदेश मा बढ़िया स्वदेशी गोवंश का बढ़ावा देब अउर डेयरी सेक्टर का मजबूत बनाउब अअइ, ताकि किसानन के कमाई बढ़इ के साथे-साथे प्रदेश के अर्थव्यवस्था का मजबूती मिलि सके। सरकार के लक्ष्य उत्तर प्रदेश का 1 ट्रिलियन डॉलर के अर्थव्यवस्था बनाउब अअइ, जेहमा डेयरी धंधा का एक बहुत बड़ा आधार माना जाइ रहा अअइ।




