
जउ आप इ गर्मी के सीजन मा AC खरीदे क मन बनावत अहैं तौ जल्दी कइ लेव, काहे से एयर कंडीशन बनावै वाली कंपनियां अपने सामान क दाम बढ़ावै क तैयारी मा अहैं। न्यूज एजेंसी एएनआई क रिपोर्ट के मुताबिक, ब्लू स्टार लिमिटेड के मैनेजिंग डायरेक्टर वीर एस आडवाणी बताइन कि जनवरी 2026 मा लागू कीन गय ‘न्यू एनर्जी एफिशिएंसी नॉमर्स’ के साथ-साथ तांबा, एल्युमीनियम अउर इस्पात जइसन कच्चा माल महंगा होय के कारण आवै वाले महीना मा एयर कंडीशनर क दाम अउर बढ़ि सकत है।
सीआईआई-बीएफएसआई शिखर सम्मेलन 2026 मा बातचीत के दौरान आडवाणी इ बात पे जोर दिहिन कि मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर मा लागत मा अबहिन तक क सबसे ज्यादा बढ़ोत्तरी भई है। उ कहिन, “हमरे इंडस्ट्री मा सगरौ सामान क लागत मा लगभग 14 से 16% क बढ़ोत्तरी भई है, जउन कि पहिले कबौ नहीं भवा। आखरी बार अइसन दाम साल 2011 मा बढ़ा रहा।”
आवै वाले समय मा दाम कम होय क उम्मीद कम
उ बताइन कि कच्चा माल क बढ़त दाम अउर बदलत ऊर्जा दक्षता मानको क मिले-जुले असर से सगरौ सामान क लागत बढ़ रही है। उ बताइन कि 1 जनवरी 2026 का ऊर्जा मानक बदल गवा रहा। येहि वजह से जनवरी, फरवरी अउर मार्च मा बाजार मा जउन ज्यादातर सामान बिक रहा, उ पुराने BEE (एनर्जी एफिशिएंसी मानक) वाला रहा, जउन कम कामगार अउर येहि नाते थोड़ सस्ता रहा।
आडवाणी इ इशारा दिहिन कि हाल-फिलहाल मा दाम कम होय क कउनो उम्मीद नाहीं है। काहे से लागत मा बढ़ोत्तरी सप्लाई चेन मा भी जुड़ रही है, येहि से आवै वाले कुछ महीना मा लागत असल मा अउर बढ़ि जाई। उ आगे कहिन कि कंपनियां ‘वैल्यू इंजीनियरिंग’ अउर लागत ठीक करय के जरिए एकर असर कम करय क कोसिस कर रही अहैं। एकरे अलावा उ इहो कहिन कि इंडस्ट्री का अगले 12 से 18 महीना तक महंगाई क दबाव झेलय का पड़ सकत है।
बताय देइ कि ईरान-अमेरिका मा जंग की वजह से कच्चा तेल महंगा होय गवा अउर तेल-गैस क सप्लाई मा असर पड़ा है। एकरे अलावा दूसर कमोडिटी क दाम मा भी काफी बढ़ोत्तरी भई है।



