प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी क काफिला मा गाड़ी क गिनती कम करै क फैसला सुरक्षा गलियारा मा हलचल पैदा कइ दीस है। कत्यू सुरक्षा विशेषज्ञ इ कदम पे कड़ा एतराज जताइन हैं। उनकर मानब है कि प्रधानमंत्री क सुरक्षा कउनो निजी मामला नाहीं अहै, बल्कि इ राष्ट्र क सुरक्षा क विषय अहै।
सुरक्षा घेरा पे असर
सुरक्षा जानकारन क कहना है कि काफिला मा कटौती करै से सुरक्षा क परत मा कमी आवत है, जेसे खतरा बढ़ि सकत है। उ इहउ याद दिलाइन कि पिछला समइ मा सुरक्षा मा भई चूक क घटनान से सबक लेय क चाही। जानकारन क मुताबिक वीवीआईपी सुरक्षा मा कउनो भी बदलाव बहुतै सोच-समझ कइके करय क चाही।
पुनर्विचार क मांग
विशेषज्ञन सरकार से इ फैसला पे फिर से विचार करै क अपील कीन हैं ताकि प्रधानमंत्री क सुरक्षा सबसे ऊंच स्तर पे बनी रहे। उनका साफ कहना है कि सुरक्षा क मानकन मा कउनो भी तरह क समझौता देस क हित मा नाहीं होय सकत अउर इ सीधा देस क आन-बान से जुड़ा मामला अहै।