
दिल्ली कय मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता बिफइवार कय शालीमार बाग विधानसभा क्षेत्र कय MCD कम्युनिटी हॉल मां ‘जन कल्याण शिविर’ कय उद्घाटन करिन। यह उनके प्रशासन कय ओर से लोगन तक पहुँचै कय एक बहुत जरूरी पहल अहै। ई पहल कय शुरुआत कय घोषणा करत भये मुख्यमंत्री बताइन कि राजधानी मां 42 जगहन पर ई शिविर लगावा गय अहैं। ई पहल दुई खास उपलब्धि कय जश्न मनावै खतिव शुरू कय गय अहै: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कै शासन कय 12 साल अव मौजूद दिल्ली सरकार कय एक साल पूरा होब।
मुख्यमंत्री गुप्ता पत्रकारन से कहिन कि हम प्रधानमंत्री मोदी कै शासन कय 12 साल अव दिल्ली सरकार कय एक साल पूरा होय कय मौका पर दिल्ली मां 42 जगहन पर ई ‘जन कल्याण शिविर’ आयोजित करिन अहै। हियाँ अलग-अलग विभागन शिविर लगावा अहैं ताकि दिल्ली कय लोगन कय ओय सब योजना कय लाभ मिल सकै, जवने कय वे पात्र अहैं – चाहे वे राज्य सरकार कय योजना होय या केंद्र सरकार कय।
‘जन कल्याण शिविर’ तीन दिन तक चलिहैं, जवन 18 जून से 20 जून तक आयोजित होइहैं। प्रशासन नागरिकन से कहि अहै कि वे जरूरी कागज-पत्र लइके इन सेंटरन पर आवैं अव सीधे मदद कय लाभ उठावैं। उन्होंने बतावा कि ई तीन दिन कय कैंप 18, 19 अव 20 तारीख कय लागि। लोग अपने जरूरी कागज लइके हियाँ आ सकत अहैं… ई कैंप लोगन तक पहुँचै अव उनके सीधे मदद दै खतिव लगावा गय अहैं।
सरकार कय विकास कय एजेंडा पर जोर देत भये, मुख्यमंत्री ‘ट्रिपल इंजन’ गवर्नेंस मॉडल कय महत्व बताइन। उन्होंने आगे कहिन कि पीएम मोदी कय लीडरशिप मां, ‘ट्रिपल इंजन’ सरकार लोगन कय सेवा करै अव दिल्ली कय एक विकसित शहर बनावै कय साथ-साथ विकसित भारत कय ओर आगे बढ़ावै मां पूरी तरह से प्रतिबद्ध अहै।
इहय से पहिले सोमइवार कय, एक अलग पहल कय तहत गुप्ता बताइन कि राजधानी कय 28 घाटन पर यमुना कय बड़े पैमाने पर सफाई कय अभियान चलावा गय रहा। ई अभियान मां हजारन लोगन हिस्सा लीन्ह, जवने कय मकसद नदी कय साफ करब अव उसके आसपास कय माहौल कय बेहतर बनाब रहा।
अभियान कय बारे मां बात करत भये गुप्ता कहिन कि अतवार कय दिल्ली कय 28 घाटन पर यमुना कय बड़े पैमाने पर सफाई कय अभियान शुरू कय गय रहा, जवने मां हजारन लोगन सफाई मां हिस्सा लीन्ह। हम देखिन कि बचवन से लइके बुढ़वन तक, सबहीं सफाई अभियान मां भाग लीन्ह। ई दौरान इकट्ठा भय कचरा कय बारे मां बतावत भये गुप्ता कहिन कि हमका वहाँ प्लास्टिक कय थैलियन, पूजा कय सामान अव टूटी भयी मूरतियाँ मिलिन। एकर का समाधान अहै? हमका लागत अहै कि अइसन सफाई अभियान नियमित रूप से चलावै कय जरूरत अहै। मुख्यमंत्री ई भी कहिन कि नदी कय किनारे मिलै वाले कचरा कय प्रकार कय आधार पर कचरा प्रबंधन कय उपाय तय कय जइहैं।