
उत्तर भारत मा जेठ क महीना मा जब घाम अपने एकदम बिकराल रूप मा होत है, तबै सुरू होत है नौतपा। ई साल क उहे ९ दिन होत हैं जब गर्मी एकदम चरम पर होत है। ई साल नौतपा २५ मई से सुरू होई अउर २ जून तक चली। एही बीच चले वाली तेज लू अउर झुलसाय देवे वाली धूप सीधे हमार देह पर असर डारत है। ढेर पसीना बहे क कारन देह से पानी अउर जरूरी मिनरल्स तेजी से बाहर निकरि जात हैं, जेसे डिहाइड्रेशन, कमजोरी, मूड़ पीराब अउर पेट क गड़बड़ी जइसन दिक्कतन आम होय जात हैं। एही भारी गर्मी से बचे बरे अउर अपने आप का भीतर से ठंढा रक्खे बरे हमार खाय-पिए क तरीका नीक होब बहुतै जरूरी है। आवा डायटीशियन निधि सहाई (डिपार्टमेंट हेड डायटिक्स, मेदांता हॉस्पिटल, नोएडा) से जानित है कि नौतपा क समइया मा हमरी थारिया मा का-का सामिल करे क चाही अउर कउन चीजन से परहेज करे क चाही।
नौतपा क समइया मा का खाय का चाही?
नौतपा क समइया मा खाए क सबसे पहिला नियम ई है कि अइसन भोजन कीन जाय, जेका पचाउब आसान होय अउर जेहमा पानी खूब ढेर सारा होय।
पानी से भरपूर मौसमी फल अउर सब्जियां
कुदरत हमका मौसम क हिसाब से ही फल देत है। इन दिना अपने खान-पान मा तरबूज, खरबूजा, खीरा, ककरी अउर संतरा जइसन चीजन का जरूर सामिल करीं। एने मा ९०% से बेसी पानी होत है, जेहसे देह मा पानी क मात्रा बनी रहत है। सब्जियन मा लौकी, तरोई, कद्दू अउर टिंडा जइसन हरी सब्जियां खाईं, जे पेट बरे बहुत हल्की होत हैं।
देसी ड्रिंक्स
बजार क डिब्बा बंद जूस या कोल्ड ड्रिंक्स क जगह घरे मा बने परम्परागत पेयन का अपने खान-पान मा सामिल करीं।
मट्ठा (छाछ) अउर दही- दुपहरी क खाए मा एक गिलास पुदीना अउर भुना जीरा मिलावा मट्ठा या एक कटोरी दही अमृत से कम नाइ है। ई पेट मा नीक बैक्टीरिया बढ़ावत है अउर हाजमा दुरुस्त रक्खत है।
आम क पन्ना- कच्चा अमवा क पन्ना लू से बचे क एकदम अचूक इलाज आय।
सत्तू क सरबत- चना क सत्तू न केवल देह का तुरन्तै ठंढक पहुँचावत है, बल्कि लम्बे समइ तक ताकत भी बनवाय रक्खत है।
नारियल पानी अउर नींबू पानी- ई देह मा इलेक्ट्रोलाइट्स क कमी का तुरन्तै पूरा कर देत हैं।
हल्का अउर आसानी से पचे वाला भोजन
दुपहरी अउर रात क खाए मा भारी भोजन क जगह एकदम सादा अउर हल्का खाना खाईं। मूंग क दाल क खिचड़ी, दाल-भात, दलिया या पातरि रोटी अउर हरी सब्जी सबसे बढ़िया उपाय हैं।
नौतपा मा कउन चीजन से परहेज करे क चाही?
गर्मी क दिना मा कुछ चीजन हमरी देह क तापमान अउर बेसी बढ़ाय देवत हैं अउर हाजमा क रफ्तार धीमा कइ देवत हैं।
ढेर मसाला अउर छना-छनाया खाना- मिर्चा-मसाला, समोसा, कचौरी अउर बजार क डिब्बा बंद खाय वाली चीजें पचावे मा भारी होत हैं। ई पेट मा तेजाब अउर गर्मी बढ़ावत हैं, जेहसे आप दिनभर सुस्ती अउर थकावट महसूस कइ सकत अहैं।
चाय अउर कॉफी- चाय अउर कॉफी मा कैफीन होत है, जे डाइयूरेटिक क काम करत है। एसे बार-बार पिसाब आवत है अउर देह मा पानी क कमी होय सकत है।
ढेर मीठी चीजें अउर दारू (शराब)- ढेर चीनी वाले सॉफ्ट ड्रिंक्स अउर शराब भी देह मा पानी क कमी का बढ़ावा देवत हैं।
बासी अउर उघरा खाना- गर्मी मा तेज तापमान क कारन कीटाणु बहुतै जल्दी पैदा होय लागत हैं, जेहसे खाना जल्दी खराब होय जात है। एही तरे फूड पॉइजनिंग से बचे बरे हमेशा ताजी-ताजी बना भोजन ही खाईं।
नौतपा बरे जरूरी सलाह (टिप)
नौतपा क समइया मा पियास लागे क बाट न जोहीं। हर आधा-एक घंटा मा थोर-थोर पानी पीत रहें। दुपहरी १२ बजे से साँझ क ४ बजे क बीच, जब घाम सबसे तेज होत है, बहुतै जरूरी न होय तउ घर से बाहर निकरे से बचीं। सही खान-पान अपनाय के आप नौतपा क ई भयानक गर्मी का भी तन्दुरुस्त रहिके आसानी से हराय सकत अहैं।




