
हरियाणा कै सैनी सरकार पँचवा अउर छठवा वेतन आयोग के तहत पगार पावे वाले सरकारी करमचारिन का तौ बड़ी राहत दइ दिहिस है, मुला प्रदेश के करीब 3 लाख पेंशनभोगिन के हिस्सा मा फिलहाल ‘इंतजार’ ही आय है। वित्त विभाग डैहर से जारी ताजा आदेश के मुताबिक, महंगाई भत्ता (DA) मा कीन गय इ बढ़ती केवल अबहीं ड्यूटी करइ वाले रेगुलर करमचारिन पर ही लागू होइ।
आमतौर पर करमचारिन कै डीए बढ़ै के साथै पेंशनर मन के महंगाई राहत (DR) मा भी बढ़ावा कइ दीन जात है, मुला ई बार वित्त विभाग पेंशनर मन बरे अलग से कउनो आदेश जारी नाहीं करिस। इ तकनीकी पेंच की वजह से प्रदेश के रिटायर होय चुके करमचारिन मा सरकार के खिलाफ नाराजगी देखाय पड़त है।
वित्त विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव अनुराग कुमार गुप्ता के डैहर से जारी चिठ्ठी के हिसाब से, पँचवा वेतन आयोग के तहत काम करइ वाले करमचारिन कै डीए 474% से बढ़ाइ के अब 483% कइ दीन गय है। यानी सीधे तौर पर 9 फीसदी कै तगड़ी बढ़ोतरी। ओही जइसा, छठवा वेतन आयोग के करमचारिन के डीए मा 5% कै इजाफा कीन गय है, जेसे उनकर भत्ता 257% से बढ़के 262% होइ गय है।
इ बढ़ा भवा पइसा जून कै पगार मा जुड़िके आई। साथै, साल के सुरु के चार महीना कै एरियर भी करमचारिन के खाता मा एकमुश्त डार दीन जाई।
3 लाख पेंशनर मन के नजर अब सरकार पर
हरियाणा मा ई बखत लगभग 3 लाख से जादा पेंशनर हैं, जे महंगाई के ई दौर मा राहत के आस लगाये बइठ रहे। पेंशनर्स एसोसिएशन कहत है कि महंगाई कै मार उनहूँ पर ओतने है, जेतना काम करइ वाले करमचारिन पर, अइसे मा इ भेदभाव वाला आदेश समझ के बाहर है।
हालांकि, सचिवालय के गलियारा मा चर्चा है कि सरकार जल्दीयै पेंशनर मन बरे अलग से फाइल का मंजूरी दइ सकत है। फिलहाल, सब विभाग के अध्यक्षन अउर बोर्ड-निगमन का निर्देश दीन गय है कि उ करमचारिन के पगार मा बढ़ोतरी कै कागजी कार्रवाई समइ रहत पूरी कइ लेय ताकि जून मा उनका बढ़ी भई पगार मिल सकै।




